Breaking News

अब भीम ऐप बना ठगी का नया अड्डा, सामने आया यह मामला.

 नोटबंदी के बाद कैशलेस लेन-देन को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुछ महीने पहले भीम ऐप लॉन्च किया था लेकिन कुछ भोले-भाले लोगों के लिए ये ऐप मुसीबत बन गया है. इस ऐप और इलेक्ट्रॉनिक ट्रांजैक्शन के ज़रिए कुछ शातिर लोग बैंक कर्मचारियों से मिलीभगत कर लोगों का पैसा दूसरे खातों में ट्रांसफ़र कर रहे हैं. इस मामले में चार लोगों को एक शख़्स से ठगी के आरोप में गिरफ़्तार किया गया है.

दरअसल कम पढ़े लिखे लोग इसका शिकार होते थे. ठगने वाले लोग कुछ चुने हुए लोगों का बैंक अकाउंट खुलवाते थे. वे आवेदन के नाम पर कई बार हस्ताक्षर लेते थे.

अब भीम ऐप बना ठगी का नया अड्डा : वाराणसी में 11 लाख की ठगी का मामला आया सामने

प्रधानमंत्री मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी से भीम ऐप के जरिए ठगी का एक मामला सामने आया है. 11 लाख की इस बड़ी ठगी के जरिए लोगों से अच्छी खासी रकम वसूल ली गई. बता दें कि इस ऐप को पीएम मोदी ने 31 दिसंबर को लॉन्च किया था. कुछ ही दिनों में यह एंड्रॉयड पर सबसे अधिक फ्री डाउनलोड करने वाला ऐप बन गया था..
इन लोगों ने भीम ऐप के ज़रिये किसान राकेश मिश्रा के खाते से धीरे-धीरे 11 लाख दूसरे खाते में जमा करवा दिए.  इस मामले में एक बैंक कर्मचारी भी पकड़ा गया है. ये लोग किसी ऐसे परिचित को अपना शिकार बनाते थे, जिन्हें बैंकिंग और इंटरनेट की समझ नहीं होती थी.
इस तरह होता था घोटाला?
दरअसल कम पढ़े लिखे लोग इसका शिकार होते थे. ठगने वाले लोग कुछ चुने हुए लोगों का बैंक अकाउंट खुलवाते थे. वे आवेदन के नाम पर कई बार हस्ताक्षर लेते थे. इन्हीं हस्ताक्षर की मदद से   फ़र्ज़ीवाड़ा होता था. बैंक में नई अर्ज़ी से रजिस्टर्ड नंबर बदल देते थे. इस फर्जीवाड़े में बैंक के कुछ कर्मचारियों की भी मिलीभगत होती थी. इसी रजिस्टर्ड नंबर की मदद से खाते से दूसरे पैसे ट्रांसफ़र करते थे. अब नंबर बदल जाता था तो इससे खाताधारक को सूचना नहीं मिलती थी.
क्या है भीम ऐप? 
यह पैसा भेजने, पाने का आसान तरीका है जोकि आसान, सुरक्षित और तेज़ लेनदेन के लिए जाना जाता है.
इसमें इंटरनेट की ज़रूरत नहीं होती है. सभी बैंकों के लिए एक ही ऐप का इस्तेमाल होता है.
कोड स्कैन से तुरंत भुगतान किया जा सकता है.
जब चाहें अपने खाते की जानकारी ले सकते  हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*