मुख्यमंत्री अखिलेश ने चाचा शिवपाल समेत 4 मंत्र‍ियों को किया बर्खास्त

मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अपने सरकारी आवास पर विधायकों की बैठक बुलाकर एक बड़ा फैसला लेते हुए चाचा शिवपाल समेत 4 मंत्रियों को कैबिनेट से बहार का रास्ता दिखा दिया. शिवपाल के साथ साथ  मंत्रिमंडल से नारद राय, ओम प्रकाश सिंह और सादाब फातिमा को बाहर का रास्ता दिखाया गया है. यही नहीं अमर सिंह की करीबी जया प्रदा को यूपी फिल्म डेवलपमेंट काउंसिल से भी हटा दिया है.

अखिलेश ने बैठक में साफ साफ सब्दो कह दिया की जो भी अमर सिंह के साथ हे या अमर की बात करेगा उसको पार्टी में रहने का कोई हक़ नही .जिस व्यक्ति ने पार्टी में झगड़े पैदा किए उनको माफी नहीं दी जाएगी. बैठक में शिवपाल सर्मथकों को नहीं बुलाया गया था. बैठक में किसी को भी फोन ले जाने की अनुमति नहीं दी गई थी. इस बैठक में शामिल होने के लिए 16 एमएलए और 6 एमएलसी को न्योता नहीं भेजा गया.

अमर सिंह को दलाल कहा

समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं अखिलेश के घर के सामने अमर की फोटो फाड़ी और उनके खिलाफ नारेबाजी भी की. बैठक में अखिलेश ने भावुक होते हुए कहा कि मैं अपने पिता का बेटा हूं. हमेशा उनके साथ रहूंगा. कई विधायक रो पड़े. बैठक में अमर सिंह के खिलाफ नारे लगाए गए. सीएम ने उन्हें दलाल तक कहा.

पार्टी को टूटने नहीं दूंगा 

अमर सिंह भाजपा का आदमी हे जो पार्टी में आके पिता पुत्र के बीच झगड़ा करवाना चाहता था  जिसने नेताजी को कुछ कहा में उसके खिलाफ हूँ में अपने पिता का पुत्र हूँ व उत्तराधिकारी भी हूं पार्टी को टूटने नहीं दूंगा.

कैबिनेट से हटाए जाने के बाद शिवपाल यादव मुलायम सिंह के आवास पहुंच गए हैं. इससे पहले पार्टी के वरिष्ठ नेता रेवती रमन सिंह, नरेश अग्रवाल और माता प्रसाद पांडेय मुलायम सिंह मुलाकात के लिए उनके आवास पहुंचे थे. पार्टी चीफ मुलायम सिंह ने 24 अक्टूबर को पार्टी नेताओं और पदाधिकारियों की बैठक बुलाई है.

सुलह के फॉर्मूले पर बैठकों का दौर

मीटिंग में मुलायम सिंह लगातार बोलते रहे. उन्होंने इन नेताओं के सामने अपनी भड़ास निकाली. इसी बीच दो बार शिवपाल यादव को भी मीटिंग में बुलाया गया जहां शिवपाल यादव ने अध्यक्ष पद से इस्तीफे की पेशकश भी की लेकिन बैठक में सुलह का क्या फॉर्मूला हो इसपर कुछ भी फैसला नहीं हो सका. बहरहाल मुलायम सिंह यादव से मीटिंग के बाद जब इन नेताओं ने अखिलेश से मुलाकात का प्रस्ताव रखा तो मुलायम सिंह ने अपनी नाराजगी के बावजूद तुरंत मिलने और कोई फॉर्मूला ढूंढने की सलाह दी.

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